सीएम हेल्पलाइन 1076 का कमाल, 24 घंटे में मिला न्याय
The magic of CM Helpline 1076: Justice delivered within 24 hours.

लंबे समय से लंबित जाति प्रमाण पत्र की समस्या का हुआ त्वरित समाधान
मुख्यमंत्री की सुशासन और संवेदनशील प्रशासन की प्रतिबद्धता हुई साकार
रायपुर । मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा स्थापित पारदर्शी, जवाबदेह और जनकेंद्रित प्रशासनिक व्यवस्था का सकारात्मक प्रभाव प्रदेशभर में दिखाई दे रहा है। आम नागरिकों की समस्याओं का त्वरित और समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से संचालित सीएम हेल्पलाइन 1076 आज लोगों के लिए भरोसे का सबसे प्रभावी माध्यम बनकर उभरी है। गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के पेंड्रा विकासखंड के ग्राम पतगवा के निवासी श्री सेवक राम की सफलता की कहानी इसी सुशासन का प्रेरणादायक उदाहरण है। श्री सेवक राम अपने बच्चों के जाति एवं आय प्रमाण पत्र बनवाने के लिए लंबे समय से संबंधित कार्यालयों के चक्कर लगा रहे थे। आवेदन करने के बावजूद विभिन्न कारणों से उनके बच्चों के प्रमाण पत्र जारी नहीं हो पा रहे थे। इससे बच्चों को शैक्षणिक सुविधाओं, शासकीय योजनाओं तथा अन्य आवश्यक कार्यों में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था। लगातार प्रयासों के बाद भी समस्या का समाधान नहीं होने से परिवार चिंतित था।
आखिरकार श्री सेवक राम ने अपनी समस्या सीएम हेल्पलाइन 1076 में दर्ज कराई। शिकायत मिलते ही संबंधित विभाग ने गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ तत्काल कार्रवाई की। परिणामस्वरूप मात्र 24 घंटे के भीतर उनके बच्चों का जाति प्रमाण पत्र स्वीकृत कर जारी कर दिया गया। वर्षों से लंबित समस्या का इतने कम समय में समाधान होने से पूरे परिवार में खुशी का माहौल है।
अपनी समस्या के त्वरित निराकरण से भावुक हुए श्री सेवक राम ने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय तथा जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि उनकी समस्या का इतना शीघ्र समाधान हो जाएगा। उन्होंने कहा कि पहले कई प्रयासों के बावजूद काम नहीं हो पाया था, लेकिन सीएम हेल्पलाइन में शिकायत दर्ज करने के बाद प्रशासन ने गंभीरता से कार्रवाई करते हुए समयबद्ध राहत प्रदान की।
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार नागरिकों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। सीएम हेल्पलाइन 1076 केवल शिकायत दर्ज करने का मंच नहीं, बल्कि आम लोगों की उम्मीदों को पूरा करने वाला एक प्रभावी सुशासन तंत्र बन चुका है, जो प्रशासन और जनता के बीच विश्वास को लगातार मजबूत कर रहा है।











