राधाकृष्णन का उपराष्ट्रपति बनना तय, रेड्डी से जीत के अंतर पर रहेगी नजर

नई दिल्ली. उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए मंगलवार को संसद भवन में लोकसभा और राज्यसभा के सांसद मतदान करेंगे। चुनाव में एनडीए के सीपी राधाकृष्णन और इंडिया ब्लॉक के रिटायर्ड जज बी.सुदर्शन रेड्डी के बीच सीधा मुकाबला है। हालांकि अंक गणित के हिसाब से एनडीए उम्मीदवार राधाकृष्णन की जीत साफ दिख रही है, लेकिन सबकी उनकी जीत के अंतर पर है।
उपराष्ट्रपति चुनाव में सांसदों के लिए पार्टी व्हिप जारी नहीं होता और वे वोट देने को स्वतंत्र हैं। ऐसे में दोनों गठबंधन एक दूसरे में सेंध लगाकर राजनीतिक संदेश देने में जुटे हैं। इस बीच सोमवार को एनडीए और इंडिया ब्लॉक ने अपने-अपने सांसदों को एकजुट रखने के लिए संसद परिसर में बैठक की। वहीं बीजू जनता दल (बीजेडी) और भारतीय राष्ट्रीय समिति (बीआरएस) ने मतदान से दूर रहने का फैसला किया है।

इंडिया ब्लॉक की बैठक: संसद परिसर में इंडिया ब्लॉक ने अपने सभी दलों को एकजुट रखने के लिए बैठक बुलाई।
इसमें कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी समेत विभिन्न दलों के नेताओं और सांसदों ने भाग लिया। बैठक में मतदान प्रक्रिया को समझाया गया।
प्राथमिकता देनी होती है…उपराष्ट्रपति चुनाव आनुपातिक प्रतिनिधित्व तरीके से होता है। मतदान गुप्त तरीके से सिंगल ट्रांसफरेबल वोट सिस्टम के जरिए होता है। मतदान प्रपत्र में हिंदी और अंग्रेजी में उम्मीदवारों के नाम और दूसरे कॉलम में वोट देने के लिए जगह खाली रहती है। खाली जगह पर वोटरों को अपनी प्राथमिकता 1,2… के रूप में दर्ज करनी होती है।
10-5 बजे तक मतदान, देर रात परिणाम: चुनाव के लिए राज्यसभा के महासचिव पीसी मोदी रिटर्निंग ऑफिसर है। मतदान संसद भवन के कमरा नंबर एफ-101, वसुधा में सुबह 10 से शाम 5 बजे तक होगा। मतदान समाप्त होने के एक घंटे बाद शाम 6 बजे वोटों की गिनती शुरू होगी और देर रात तक नतीजा घोषित किया जाएगा।
जीत के लिए 386, एनडीए के पास 427
वर्तमान में राज्यसभा में 239 और लोक सभा में 542 सांसद हैं। ओडिशा की बीजेडी व तेलंगाना की बीआरएस ने वोटिंग से दूर रहने का निर्णय किया है। उनके 11 सदस्यों को छोड़कर 770 सांसदों के वोट डालने की संभावना है। ऐसे में जीत के लिए 386 वोट चाहिए। एनडीए के पास 427 की संख्या है, जबकि विपक्ष के पास 355 सांसद हैं।
निर्दलीय सहित 10 अन्य सांसदों पर नजर
लोकसभा में सात निर्दलीय सांसद हैं तो आम आदमी पार्टी की बागी राज्यसभा सांसद स्वाति मालीवाल, अकाली दल और मिजोरम की जेडपीएम के 10 सांसदों के समर्थन पर सभी की निगाहें टिकी हैं। आंध्र प्रदेश की जगनमोहन रेड्डी की वाइएसआर कांग्रेस पहले ही एनडीए उम्मीदवार के समर्थन का ऐलान कर चुकी है जिसके पास सात सांसद हैं।











