She News: 15 वर्षों से बच्चों को सिखा रहीं फ्री पेंटिंग

कभी अपने जुनून से पीछे नहीं हटना चाहिए, क्योंकि यह न केवल आपकी जिंदगी को बदलता है, बल्कि दूसरों के लिए प्रेरणा बनता है। भोपाल की अरवा कत्थावाला ने यह विचार अपनी जिंदगी में बिल्कुल अलग तरह से पेश किया है। कला के प्रति उनका प्यार बचपन से ही था और यही प्यार आज उनके जीवन का मिशन बन गया है। बिना किसी प्रशिक्षण के उन्होंने अपनी कला को निखारा और अब वह समाज में कला के महत्त्व को फैलाने के लिए काम कर रही हैं। पिछले 15 वर्षों से, वह बच्चों को मुफ्त में कला सिखाती हैं, विशेषकर उन बच्चों को जो आर्थिक रूप से कला सीखने में असमर्थ हैं। उनका उद्देश्य केवल कला सिखाना नहीं, बल्कि बच्चों को आत्मनिर्भर बनाना भी है।
अरवा जल्द ही बैंबू के लैंप व डेकोरेटिव आइटम बनाने का काम शुरू करना चाहती हैं। जिससे वह महिलाओं को घर बैठे रोजगार दे सकें। उनका कहना है कि इस तरह समाज में कला के जरिए हर वर्ग को रोजगार मिलेगा।
पेंटिंग बनाकर जुटाती हैं पैसे
अरवा का मानना है कि हमारे समाज में चित्रकला का कोई खास महत्त्व नहीं है, लेकिन उनके लिए यह बहुत खास है। जब उन्होंने देखा कि बच्चों में कला सीखने की रुचि है, लेकिन सामग्री की कमी के कारण वे इसे सीख नहीं पा रहे हैं, तो उन्होंने निशुल्क कला सिखाने का निर्णय लिया। उनके सिखाए हुए बच्चों ने कई प्रतियोगिताओं में भाग भी लिया। साथ ही अरवा पेंटिंग भी बनाती हैं और उससे जो भी पैसा आता है। वह जरूरतमंदों की मदद में खर्च करती हैं।