Operation Sindoor: कर्नल सोफिया-विंग कमांडर व्योमिका की जोड़ी ने दिया दुनिया को संदेश

नई दिल्ली. ऑपरेशन सिंदूर के जरिए भारत के पराक्रम की अधिकृत प्रेस ब्रीफिंग करने वालीं भारतीय सेना की कर्नल सोफिया कुरेशी और वायु सेना की विंग कमांडर व्योमिका सिंह बुधवार को पूरे देश में गर्व और उत्सुकता का विषय बन गईं। माना जा रहा है कि प्रेस ब्रीफिंग में इन महिला अधिकारियों को खास रणनीति के तहत आगे कर बताया गया कि यह नया भारत है, जहां बेटियां सिर्फ सीमा सुरक्षा में नहीं, बल्कि रणनीति, नेतृत्व और संप्रभुता के लिए काम करती हैं।
पहलगाम में आंतकियों ने पुरुषों की हत्या कर उनकी पत्नियों को छोड़ दिया था। इसे भारत ने विवाहित महिलाओं के सिंदूर की अस्मिता से जोड़ा। पाक आर्मी चीफ असीम मुनीर ने टू-नेशन थ्योरी की बात कर इशारे में भारत में हिंदू-मुस्लिम विभाजन को हवा दी थी। मुस्लिम अधिकारी कर्नल सोफिया के माध्यम से सरकार ने संदेश दिया कि भारत की एकता-अखंडता के लिए हर धर्म, जाति और वर्ग के लोग बराबरी से जुटे हुए हैं।
‘चेतक’-‘चीता’ की मास्टर हैं व्योमिका
विंग कमांडर व्योमिका को छठी कक्षा में अपने नाम का अर्थ ’आकाश में रहने वाली’ पता चला तो उन्होंने पायलट बनना तय किया। उनका सपना 2004 में एयरफोर्स में भर्ती होने पर पूरा हुआ। व्योमिका वायुसेना की बेहतरीन विंग कमांडर में से एक हैं जिन्हें लड़ाकू हेलीकॉप्टर्स ‘चीता’, ‘चेतक’ उड़ाने में विशेषज्ञता हासिल है। वह अब तक कई बड़े मिशन में अपनी सेवाएं दे चुकी हैं।

सैनिक परिवार की बेटी हैं सोफिया
गुजरात के वडोदरा में 1981 में जन्मीं सोफिया कुरेशी सैनिक परिवार से हैं। उनके दादा सेना में थे और पति भी आर्मी ऑफिसर हैं। महाराजा सयाजीराव विश्वविद्यालय से बायोकेमिस्ट्री में पोस्ट ग्रेजुएशन किया। 1999 में सैन्य अधिकारी बनने के बाद 2016 में आसियान प्लस देशों की मल्टी नेशनल मिलिट्री एक्सरसाइज फोर्स-18 में वह एकमात्र महिला कमांडर रहीं।











